Saturday , 7 March 2026
Breaking News

उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी के प्रयास लाए रंग, राष्ट्रीय पोषण पखवाड़ा में राजस्थान रहा अव्वल 

जयपुर: उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी के प्रयास रंग लाए हैं,  राष्ट्रीय पोषण पखवाड़ा के सम्बन्ध में 3 अप्रैल 2025 को बैठक आयोजित कर उनके द्वारा आईसीडीएस (महिला एवं बाल विकास विभाग) के अधिकारियों को दिए गए निर्देशों ने साकार रूप लिया है। उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए थे कि 8 अप्रैल 2025 से 22 अप्रैल 2025 तक आयोजित हो रहे राष्ट्रीय पोषण पखवाड़ा में राजस्थान राष्ट्रीय स्तर पर अपने पिछले प्रदर्शन चौथी रैंक में सुधार करते हुए इस बार पहला स्थान प्राप्त करने हेतु कड़ी मेहनत करें।

 

 

Rajasthan topped the National Nutrition Fortnight

 

 

 

महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के द्वारा उक्त निर्देशों की पालना में की गई कड़ी मेहनत रंग लाई है। इस बार 8 अप्रैल से 22 अप्रैल 2025 तक आयोजित राष्ट्रीय पोषण पखवाड़ा में राजस्थान ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है। इस बार राजस्थान के मुकाबले छत्तीसगढ़ 9 लाख एंट्रीज से पीछे छूट गया है। पहले स्थान पर रहे राजस्थान के 33 जिलों द्वारा इसबार 11860962 गतिविधियों की एंट्रीज की गई। जबकि दूसरे स्थान पर रहे छत्तीसगढ़ के 33 जिलों द्वारा 10951961 गतिविधियों की एंट्रीज की गई है। वहीं तीसरे स्थान पर रहे महाराष्ट्र के 36 जिलों द्वारा 6712236  गतिविधियों की एंट्रीज की गई है। उपमुख्यमंत्री ने विभागीय अधिकारियों कर्मचारियों को कड़ी मेहनत से हासिल की गई इस उपलब्धि पर बधाई दी है।

 

 

 

 

 

क्या है पोषण पखवाड़ा:

राष्ट्रीय पोषण पखवाड़ा भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे ’पोषण अभियान’ का एक महत्वपूर्ण घटक है, जिसका उद्देश्य देश में “जन आंदोलन के माध्यम से पोषण के प्रति जागरूकता फैलाना” है।

थीम (विषय वस्तु)”: 

पोषण पखवाड़ा 2025 की थीम चार प्रमुख पहलुओं पर केंद्रित रहीः

जीवन के पहले 1000 दिन – नवजात से लेकर दो वर्ष तक का समय अत्यंत महत्वपूर्ण होता है।

पोषण ट्रेकर में लाभार्थी मॉड्यूल का प्रचार-प्रसार

सीएमएएम मॉड्यूल के माध्यम से कुपोषण का समुदाय आधारित प्रबंधन

बचपन में मोटापे से निपटने हेतु स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा’

उद्देश्य”

समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर महिलाओं और बच्चों में ’’संतुलित व पौष्टिक आहार’’ की जानकारी देना।

आंगनवाड़ी सेवाओं, स्वास्थ्य कार्यक्रमों और शिक्षा विभागों’’ के साथ मिलकर व्यवस्थित समन्वय से पोषण में सुधार करना।

लाभार्थियों को डिजिटल प्लेटफॉर्म (पोषण ट्रेकर) से जोड़कर उन्हें योजनाओं से सीधे लाभान्वित करना।

स्वस्थ जीवनशैली, पोषण विविधता, और स्थानीय खाद्य संस्कृति को बढ़ावा देना।

 

 

About Vikalp Times Desk

Check Also

Iran America sky eye ballistic missile radar in Qatar 04 March 26

ईरान ने फोड़ी अमेरिका की ‘आसमानी आंख’, कतर में उड़ाया बैलिस्टिक मिसाइल रडार 

ईरान: कतर के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि देश को ईरान की ओर से …

Adulteration in the festive season, so many kilos of cheese recovered in Jaipur

त्योहारी सीजन में मिलावट का खेल, जयपुर में इतने किलो पनीर पकड़ा

जयपुर: जयपुर के जवाहर नगर इलाके में टीला नंबर-1 के पास एक डेयरी पर मिलावटी …

Indian stock market falls sharply amid rising tensions in the Middle East

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच भारतीय शेयर बाजार में आई भारी गिरावट

नई दिल्ली: मध्य पूर्व (Middle East) में बढ़ते तनाव और तेल की कीमतों (Crude Oil …

Government will give Rs 50 lakh for rearing donkeys

गधे पालने पर सरकार देगी 50 लाख रुपए!

नई दिल्ली: सुनकर हैरानी तो हुई होगी आपको, लेकिन ये सच है। अगर आप पशुपालन …

Sonia Gandhi sharply criticized the Modi government's silence on Khamenei incident

खामेनेई की मौ*त पर मोदी सरकार की चुप्पी पर सोनिया गांधी का तीखा तंज

नई दिल्ली: कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) ने मंगलवार को अमेरिका …

error: Content is protected !! Contact Vikalp Times Team !