नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नए टैरिफ की घोषणा की और इसके एक दिन बाद ग्लोबल शेयर मार्केट में बड़ी गिरावट देखी गई है। यह साल 2020 के बाद आई सबसे बड़ी गिरावट है। ऐसा अनुमान है कि इस टैरिफ से कीमतें बढ़ेंगी और इसका असर अमेरिका और विदेश में विकास पर पड़ेगा। दरअसल, एशिया-प्रशांत क्षेत्र के शेयर बाजारों में दूसरे दिन भी गिरावट देखने को मिली।
अमेरिकी एस एंड पी 500 (मार्केट इंडेक्स) के लिए यह साल 2020 के बाद सबसे खराब दिन रहा। उस वक्त कोविड-19 की वजह से अर्थव्यवस्था ध्वस्त हो गई थी। नाइकी, एपल और टारगेट के स्टॉक पर सबसे ज्यादा बुरा असर पड़ा। इनके शेयरों में 9 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई। एसएंडपी 500, एक शेयर बाजार सूचकांक है, जो अमेरिका के स्टॉक एक्सचेंजों में लिस्टेड 500 अग्रणी कंपनियों के स्टॉक प्रदर्शन पर नजर रखता है।
इस बीच, व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रंप ने संवाददाताओं से कहा कि उन्होंने वैश्विक आयात पर 10 फीसदी टैरिफ लगाने की योजना बनाई है, ताकि अमेरिकी अर्थव्यवस्था में ‘उछाल’ आए और संघीय राजस्व बढ़े। वहीं, चीन और यूरोपीय यूनियन ने इस टैरिफ पर जवाबी कार्रवाई करने के संकेत दिए हैं।