Saturday , 7 March 2026
Breaking News

करोड़ों खर्च के बाद भी नहीं बुझ रही लोगों की प्यास

शासन प्रशासन व जनप्रतिनिधियों की गंभीर उदासीनता से उपखंड मुख्यालय के वाशिंदे लंबे समय से बिजली व पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं लेकिन इस ओर किसी का ध्यान नहीं है।
लोगों का कहना है कि क्षेत्र की विधायक भले ही विधानसभा में प्रश्न उठा रही हो लेकिन मुख्यालय पर बिजली व पानी की समस्या का कोई समाधान नहीं हो पा रहा है। दिन में कई मर्तबा बिजली का गुल होना व जब चाहे आना जाना आम बात हो गई है। वहीं एक दिवस के अंतराल की जलापूर्ति दो दिवस के अंतराल पर भी समय से उपभोक्ताओं को नहीं मिल पा रही। भरी सर्दी में लोग पेयजल को तरसते रहे व अब गर्मी की दस्तक के साथ ही कस्बे की पेयजल आपूर्ति ओर ज्यादा गड़बड़ाने लगी है। अब तक जैसे तैसे कभी एक दिवस पर तो कभी दो दिवस के अंतराल पर 10 से 15 मिनट की जलापूर्ति मिल रही थी लेकिन तीन सप्ताह से तो हालात बहुत बिगड़े हुए हैं।
लोगों ने बताया कि इस बारे में जिम्मेदार विभागीय अधिकारियों से सम्पर्क करने पर वे या तो फोन नहीं उठाते व भूलवश उठा भी ले तो सीधा बीसलपुर से जल आपूर्ति में कटौती का राग अलापना शुरू कर देते हैं। ऐसी स्थिति में जनता अपने आप को ठगा सा महसूस कर रही है कि यहां आमजन की सुनने वाला कोई नहीं है। ना कोई जनप्रतिनिधि ध्यान दे रहा व न ही अधिकारियों को यहां की बिजली पानी की समस्या के समाधान की कोई चिंता।

People's thirst is not quenched even after spending crores in bonli sawai madhopur

गौरतलब है कि कस्बे में कहीं भी मीठे पानी के पेयजल स्त्रोत नहीं होने से लोग अपनी प्यास बुझाने के लिए केवल नलों के पानी पर ही आश्रित हैं जो उन्हें पर्याप्त रूप से समय से नहीं मिल रहा। मुख्यालय पर पहले विभाग दो दिवस के अंतराल पर आधा घंटे की जलापूर्ति करता था। अब एक दिवस के अंतराल पर मात्र 20 मिनट की जलापूर्ति करने का दावा करता है लेकिन करीब डेढ़ माह से एक दिवस के अंतराल की जलापूर्ति पूरी तरह लड़खडाई हुई है। वर्तमान में उपभोक्ताओं को दो दिवस के अंतराल पर तीस मिनट की जगह मात्र 15 मिनट का पेयजल मिल रहा है उसमें भी समय निर्धारित नहीं होता। नलों से पानी कब आजाए और कब चले जाए लोग इस चक्कर में वही पहले की तरह घर नहीं छोड़ पाते।
कस्बे की इस गंभीर पेयजल समस्या को लेकर सरकार ने करोड़ों रुपए खर्च करके बौंली को बीसलपुर पेयजल परियोजना से जोड़ा लेकिन आज वही पहले की तरह टैंकर जलापूर्ति वाले पुराने हालात पैदा हो गए हैं। यहां की बिगड़ी जलापूर्ति को सुधारने के नाम पर विभाग के अधिकारियों ने पहले तो बिछाई गई पाइप लाइनों में तकनीक का राग अलापा जिससे टंकिया बनने के बाद भी उपभोक्ताओं को एक साथ जलापूर्ति नहीं हो पाई। विभाग वही बूस्टिंगों के जरिए जलापूर्ति करता रहा व कर रहा है। ऐसे में जब लोगों को पेयजल नहीं मिला तो विभाग ने फिर पाइपलाइन बिछाने के लिए विधायक से बजट पास करवाया तथा दोबारा पाईप लाइन डाली गई। लेकिन उसके बाद भी हालात जस के तस हैं। अब विभाग के अधिकारी आगे से पेयजल की स्वीकृत मात्रा में से कटौती होने का राग अलापने लग गए हैं।
आखिरकार इन सब के पीछे क्या कारण है। सरकार के करोड़ों रुपए की बर्बादी के बावजूद बौंली के लोगों की प्यास नहीं बुझ पा रही लेकिन इन सब को कोई देखने वाला नहीं है।
ऐसे ही हालात विद्युत निगम के बने हुए हैं जिसमें निगम द्वारा मरम्मत और मेंटेनेंस के नाम पर लाखों रुपए खर्च करने के बाद दिन में पचासों मर्तबा लाइटों का गुल होना आम हो चला है। अब गर्मी की शुरुआत होते ही सुबह जल आपूर्ति के समय बार-बार की जाने वाली कटौती तो उपभोक्ताओं को बहुत ज्यादा अखरने लगी है। सायंकाल के समय में कई बार बिजली की आंख मिचैली होना आम हो चला है। मुख्यालय पर बिजली और पानी के बिगड़े हालातों से आमजन बेहद दुखी है।
आमजन ने सरकार से इन हालातों को ठीक कर निर्धारित समय से पेयजल मुहैया कराने व बराबर विद्युत आपूर्ति कराने की मांग की है।

About Vikalp Times Desk

Check Also

Government will give Rs 50 lakh for rearing donkeys

गधे पालने पर सरकार देगी 50 लाख रुपए!

नई दिल्ली: सुनकर हैरानी तो हुई होगी आपको, लेकिन ये सच है। अगर आप पशुपालन …

Petrol will change from April 1st Will it affect your vehicle or will you benefit Learn the full truth about E20

1 अप्रैल से बदलेगा पेट्रोल! आपकी गाड़ी पर पड़ेगा असर या मिलेगा फायदा? जानिए E20 का पूरा सच

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने 1 अप्रैल से पूरे देश में 20% एथेनॉल मिश्रित E20 …

Railways has a special gift for Holi Holi special trains will run

यात्रीगण कृपया ध्यान दें! होली पर रेलवे की खास सौगात, चलेगी होली स्पेशल ट्रेन

कोटा: होली (Holi) के त्यौहार को देखते हुए रेलवे प्रशासन (Indian Railways) द्वारा यात्रियों के …

Those with more than two children can now contest panchayat and municipal elections in Rajasthan

राजस्थान में बड़ा राजनीतिक बदलाव! दो से ज्यादा बच्चों वाले अब पंचायत-निकाय चुनाव लड़ सकेंगे

जयपुर: 25 फरवरी 2026 राजस्थान की भजनलाल शर्मा सरकार ने आज दोपहर कैबिनेट बैठक में …

5 OTT aaps closed by government of india

अ*श्लील कंटेंट पर कड़ा प्रहार, 5 OTT ऐप्स बै*न, इस्तेमाल किया तो फंस सकते हैं आप!

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने ऑनलाइन स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स पर एक बार फिर कड़ा रुख अपनाते …

error: Content is protected !! Contact Vikalp Times Team !